人的价值
书名:大学生了没|作者:笑无语|本书类别:古言|更新时间:10:14:30|字数:3896字
一 | 讯 据中国地震台网正式测定,8月17日6时9分在四川内江市隆昌市发生3.0级地震,震源深度8公里,震中位于北纬29.23度,东经105.21度。版权申明:凡注有“”或电头为“”的稿件,均为独家版权所有,未经许可不得转载或镜像;授权转载必须注明来源为“”,并保留“”的电头。

二 | अनुराग अग्रवाल, पंचकूला। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने विधानसभा में जमकर मोर्चा संभाला। कानून व्यवस्था की स्थिति पर उनके पास विपक्ष के हर सवाल और हर आरोप का जवाब था। मुख्यमंत्री ने कांग्रेस के कार्यकाल में हुए बड़े अपराधों की लंबी सूची पढ़ते हुए एक शेर के माध्यम से कटाक्ष किया, जिसके किरदार पर शैतान भी शर्मिंदा है, वे भी आए हैं यहां करने नसीहत हमको।,नायब सैनी ने कहा कि किसी भी व्यक्ति की सामाजिक हैसियत या प्रभावशाली पद के बावजूद यदि वह कानून तोड़ेगा तो उसे बख्शा नहीं जाएगा। हरियाणा में कानून की सर्वोच्चता स्थापित होगी, अपराधी की हैसियत नहीं। उन्होंने मीडिया घरानों से आग्रह किया कि वे अपराधियों का महिमा मंडन करने से परहेज करें। मुख्यमंत्री ने विपक्ष को चुनौती दी कि 2004 से 2014 तक के अपने शासनकाल में यदि किसी दुष्कर्मी को फांसी की सजा दिलवाई हो तो उदाहरण प्रस्तुत करें। मुख्यमंत्री नायब सैनी विधानसभा में कांग्रेस के काम रोको प्रस्ताव पर करीब चार घंटे की चर्चा के बाद जवाब दे रहे थे। मुख्यमंत्री ने विपक्ष के समक्ष प्रस्ताव रखा कि यदि वह सहमत हो तो एक प्रस्ताव लाकर मीडिया मंचों से पुरजोर आग्रह किया जा सकता है कि वे अपराध और अपराधियों को महिमा मंडित करने से परहेज करें।,हमारी सरकार कानून व्यवस्था को लेकर गंभीरता से काम कर रही है। संभावना है कि विधानसभा के मानसून सत्र के अंतिम दिन बुधवार को मुख्यमंत्री की ओर से ऐसा प्रस्ताव लाया जा सकता है, जिसके सर्वसम्मति से पारित होने की संभावना है।,मुख्यमंत्री ने सदन में कहा कि उनकी स्पष्ट चेतावनी का ही परिणाम है कि आज हरियाणा में प्रमुख अपराधों की संख्या और दर दोनों में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। वर्ष 2014 से पूर्व की स्थिति के विपरीत आज न तो नागरिक को एफआइआर दर्ज करवाने में कोई बाधा आती है और न ही पुलिसकर्मी को अपराधियों पर कार्रवाई करने में भयभीत होना पड़ता है।,विपक्ष पर बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ की तख्तियां लेकर जनता को गुमराह करने का आरोप लगाते हुए नायब ने कहा कि कांग्रेस के शासनकाल (2004-2014) में दुष्कर्म की घटनाएं तीन गुना बढ़ीं। वर्ष 2004 में ऐसे 386 मामले दर्ज हुए थे, जो 2014 में बढ़कर 1174 तक पहुंच गए।,मुख्यमंत्री ने कांग्रेस को लपेटते हुए कहा कि 10 अप्रैल 2008 को रोहतक थाना परिसर में पांच पुलिसकर्मियों ने एक महिला के साथ दुष्कर्म किया था। 31 मई 2008 को एफआइआर दर्ज हुई। इसके बाद भी पीड़िता को इतनी प्रताड़ना झेलनी पड़ी कि नौ जून 2008 को उसने पंचकूला में पुलिस मुख्यालय के बाहर जहर खाकर आत्महत्या कर ली।,उन्होंने कहा कि 20 सितंबर 2024 को जिला यमुनानगर में एक नाबालिग के साथ दुष्कर्म और हत्या के केस में पुलिस ने 24 घंटे के भीतर आरोपित को गिरफ्तार कर लिया और मात्र आठ माह में उसे फांसी की सजा सुनाई गई।,मुख्यमंत्री ने सदन में कहा कि इनेलो के एक पूर्व विधायक पर मई 2011 में रोहतक जिले की कलानौर अनाज मंडी में गोलीबारी कर हत्या का आरोप लगा था। घटना के बाद आरोपित ने गिरफ्तारी से बचने के लिए अपने पैतृक गांव मोखरा को समर्थकों की मदद से किले में बदल दिया।,हथियारबंद समर्थकों की घेराबंदी के कारण पुलिस भीतर नहीं जा पाई। अंततः आरोपित ने जुलूस निकालकर आइजी कार्यालय पहुंचकर आत्मसमर्पण किया। 2013 में हाईकोर्ट से मिली जमानत को सुप्रीम कोर्ट ने रद किया और मामले की जांच सीबीआइ को सौंप दी। तब ऐसे पुलिस डरा करती थी।,रोहतक के बहुचर्चित अपना घर कांड का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि मई 2012 में यह जघन्य अपराध हुआ, जिसमें अनाथालय की बच्चियों पर अमानवीय अत्याचार किए जाते थे।,आठ मई 2012 को राष्ट्रीय बाल अधिकार आयोग की टीम ने छापा मारकर लगभग 120 बच्चियों को मुक्त कराया। जून 2012 में यह केस सीबीआइ को सौंपा गया। अप्रैल 2018 में सीबीआइ की विशेष अदालत ने मुख्य संचालिका जसवंती देवी और उसके दामाद जयभगवान सहित नौ आरोपितों को दोषी ठहराते हुए कठोर सजाएं सुनाईं।,मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा के प्रत्येक नागरिक और उसकी संपत्ति की सुरक्षा हमारी सर्वोच्च जिम्मेदारी है, जिसे निभाने में वे कभी पीछे नहीं हटे और न कभी हटेंगे। 2014 की तुलना में 2024 में हत्या की वारदातों में 12 प्रतिशत की कमी आई है।,एक जनवरी 2024 से अब तक हरियाणा पुलिस ने 110 मुठभेड़ों में 13 कुख्यात अपराधियों को ढेर किया और 157 को घायल किया है। 13 जुलाई, 2024 से अब तक पांच कुख्यात गैंगस्टरों को विदेश से गिरफ्तार कर लाया गया है, जबकि पिछले पांच वर्षों में नौ गैंगस्टर विदेश से पकड़े गए हैं। नायब सैनी ने धैर्यपूर्वक सदन चलाने पर स्पीकर हरविन्द्र कल्याण की सराहना की।。 。



